पृथ्वी की वो जगहें जहां हैं मंगल ग्रह जैसे हालात
सिंधु जल समझौते के तहत सतलुज और रावी भारत की नदियां हैं. सिंधु ज ल संधि के एडिशन कमिश्नर सिराज़ मेमन का कहना है कि यहां हर साल पानी न आने की वजह से इन न दियों के किनारे और अंदर अतिक्रमण हो चुका है जिसके कारण हमें नुक़सान का सामना करना पड़ रहा है. उनका कहना था कि पाकिस्तान को पानी इकट्ठा करने के ऊपर काम करना चा हिए क्योंकि पाकिस्तान दुनिया में सबसे कम वक़्त तक पानी एकत्र करने वाले देशों में शामिल है. हमारा पानी इकट्ठा रखने की सीमा सिर्फ़ 30 दिन है ज बकि दुनिया के कई देशों में दो से तीन साल तक का पानी जमा किया जा रहा है. उनका कहना था कि देश की जल नीति में शामिल है कि हम अपना पानी इकट्ठा रखने की सीमा को बढ़ाएंगे लेकिन आर्थिक दिक्कतों के कारण इस पर काम नहीं किया गया है. परवेज़ आमिर का कहना है कि जब भी पाकिस्तान में भारत की ओर से पानी छोड़ा जाता है तो हम उसे आक्रमण और अत्याचार का नाम दे देते हैं. व ह कहते हैं कि पाकिस्तान को पानी इकट्ठा क रने का बेहतर तरीक़ा ईजाद करना चाहिए. उनका कहना था, "पंजाब में सिहोन के क़रीब बैराज बनाकर पानी को जमा किया जा सकता है, इसी तरह हाकड़ा के...